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दो घंटे में लखनऊ से सीतापुर पहुंचेगी डबलडेकर ट्रेन,  इस टाइम टेबल पर चलेगी गाड़ी
January 16, 2020 • Tariq • उत्तरप्रदेश

 

दो घंटे में लखनऊ से सीतापुर पहुंचेगी डबलडेकर ट्रेन, 
इस टाइम टेबल पर चलेगी गाड़ी
 

लखनऊ जंक्शन से महज दो घंटे में डबलडेकर एक्सप्रेस यात्रियों को सीतापुर पहुंचा देगी, जबकि आनंदविहार पहुंचने में ट्रेन को सवा आठ घंटे लगेंगे। लखनऊ से सीतापुर के बीच ट्रेन मोहिबुल्लापुर व सिधौली स्टेशनों पर ही रुकेगी।

पूर्वोत्तर रेलवे ने डबलडेकर को लखनऊ जंक्शन से सीतापुर होते हुए दिल्ली रवाना करने का प्रस्ताव बनाने के बाद ट्रेन की समय सारिणी और रास्ते में पड़ने वाले स्टेशनों की भी सूची तय कर ली है। ट्रेन लखनऊ जंक्शन से सुबह छह बजे छूटेगी और दो घंटे में सीतापुर पहुंच जाएगी।

ट्रेन हफ्ते में पांच दिन सोमवार, मंगलवार, बृहस्पतिवार, शुक्रवार और रविवार को चलाने का प्रस्ताव भेजा गया है। पूर्वोत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के लखनऊ जंक्शन रेलवे स्टेशन से आनंदविहार जाने वाली डबलडेकर एक्सप्रेस जब शुरू हुई तो पैसेंजरों का रुझान इस ट्रेन को लेकर सकारात्मक था।

बढ़ेगी रेलवे की कमाई


यह गाड़ी दिल्ली जाने वालों को बेहद पसंद थी, लेकिन धीरे-धीरे इसका आकर्षण कम होता गया। अब हालत यह है कि ट्रेन की ऑक्यूपेंसी भी घट रही है। ऑफ सीजन में तो ट्रेन खाली रहती है। डबलडेकर की जगह पैसेंजर शताब्दी, तेजस व गोमती एक्सप्रेस से यात्रा करना पसंद करते हैं।

इस ट्रेन से ज्यादा से ज्यादा लोग यात्रा करें, इसके लिए पूर्वोत्तर रेलवे प्रशासन ने इसे नए रूट से चलाने का प्रस्ताव बनाया है। इसे सीतापुर रूट से आनंदविहार ले जाने से न केवल यात्रियों को राहत मिलेगी, बल्कि रेलवे की कमाई भी बढ़ेगी। एक अनुमान के मुताबिक, आमदनी 30 प्रतिशत तक बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है। 

सिर्फ मोहिबुल्लापुर व सिधौली रुकेगी ट्रेन


प्रस्ताव के अनुसार, डबलडेकर एक्सप्रेस लखनऊ जंक्शन से सीतापुर के बीच करीब 80 किलोमीटर लंबे रेलखंड पर सिर्फ दो स्टेशनों पर ही रुकेगी। मसलन, लखनऊ जंक्शन से निकलने के बाद ट्रेन मोहिबुल्लापुर और सिधौली स्टेशनों पर रुकेगी, जबकि इसे ऐशबाग व डालीगंज में नहीं रोके जाने का प्रस्ताव बनाया गया है।

सिधौली के बाद ट्रेन सीतापुर होते हुए आनंदविहार तक जाएगी। लखनऊ जंक्शन-आनंदविहार डबलडेकर एक्सप्रेस और दिल्ली-जयपुर डबलडेकर को मिलाकर एक ट्रेन बनाने की योजना थी, जोकि लखनऊ-जयपुर डबलडेकर बन जाती, लेकिन यह योजना परवान नहीं चढ़ सकी।

विद्युतीकरण का मिला फायदा
लखनऊ से सीतापुर के बीच विद्युतीकरण का काम पूरा कराया जा चुका है। अब रूट पर इलेक्ट्रिक इंजन से चलने वाली ट्रेनों को दौड़ाने की तैयारी है। अनुमति मिल जाने के बाद रूट पर डबलडेकर को दौड़ाया जाएगा, जिसका प्रस्ताव तैयार हो गया है और जल्द ही इस पर अंतिम मुहर भी लग जाएगी।

दीपक कुमार की रिपोर्ट